नई दिल्ली। राजभाषा हिंदी के प्रभावी इस्तेमाल और कार्यालयीन कामकाज में नवाचार के लिए वित्तीय सेवाएं विभाग को वर्ष 2025-26 का ‘राजभाषा कीर्ति’ प्रथम पुरस्कार मिला है। 300 से कम कार्मिकों वाले मंत्रालयों एवं विभागों की श्रेणी में विभाग को यह सम्मान प्रदान किया गया।राजभाषा विभाग, गृह मंत्रालय की ओर से 14-15 सितंबर को सिडको एग्जिबिशन सेंटर, वाशी, नवी मुंबई में हिंदी दिवस एवं छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। सम्मेलन के दौरान केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने वित्तीय सेवाएं विभाग की ओर से अपर सचिव हरिहर मिश्रा को पुरस्कार प्रदान किया।सम्मेलन में देशभर से राजभाषा के क्षेत्र में कार्यरत विभिन्न मंत्रालयों, विभागों और संस्थानों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।राजभाषा विभाग के मुताबिक, वित्तीय सेवाएं विभाग को यह पुरस्कार वर्ष 2025-26 में हिंदी के उत्कृष्ट कार्यान्वयन, प्रभावी प्रयोग और नवोन्मेषी उपलब्धियों के लिए दिया गया। विभाग ने कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के अधिकाधिक इस्तेमाल को प्रोत्साहित करने के साथ प्रशासनिक कामकाज में हिंदी के अभिनव एवं रचनात्मक उपयोग की दिशा में कई प्रयास किए।विभाग के इन प्रयासों का उद्देश्य हिंदी को केवल औपचारिक कार्य तक सीमित रखने के बजाय उसे दैनिक कार्यालयीन कामकाज का प्रभावी माध्यम बनाना रहा है। पुरस्कार को राजभाषा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन और हिंदी के प्रयोग को बढ़ावा देने की दिशा में विभाग की उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है