बढ़नी सिद्धार्थ नगरl विकास खण्ड बढनी की ग्राम पंचायत में निविदा भुगतान मामले में अब ग्राम पंचायतवार विशेष वित्तीय जांच की मांग जोर पकड़ रही है। जांच में प्रत्येक ग्राम पंचायत में प्रकाशित निविदाओं की मूल प्रति, समाचार पत्र में प्रकाशित विज्ञापन की तारीख व संस्करण, संबंधित बिल-वाउचर, भुगतान स्वीकृति, भुगतान आदेश और बैंक लेनदेन का पूरा विवरण मिलान कराया जाना चाहिए। साथ ही यह भी सत्यापित किया जाना जरूरी है कि जिस संस्था या व्यक्ति के नाम बिल प्रस्तुत किया गया, वही प्रकाशन का वास्तविक अधिकृत प्राप्तकर्ता है या नहीं।
जांच के दौरान ई-ग्रामस्वराज में दर्ज भुगतान विवरण और संबंधित बैंक अभिलेखों का भी मिलान कराया जाना चाहिए। यदि किसी निजी बैंक खाते में भुगतान हुआ है तो खाताधारक की पहचान, उसका पंचायत या प्रकाशन संस्था से संबंध, भुगतान की स्वीकृति देने वाले अधिकारी और धनराशि जारी करने के आधार की जांच होनी चाहिए।
इसके साथ ही संबंधित समाचार पत्र अथवा अधिकृत प्रकाशन संस्था से लिखित रूप में यह सत्यापित कराया जाना चाहिए कि संबंधित निविदा वास्तव में प्रकाशित हुई थी या नहीं और उसका बिल किसके नाम जारी किया गया था। उक्त समाचार पत्र का विकास खण्ड क्षेत्र में विक्रेता कौन है उसकी कितनी प्रतिया यहाँ प्रतिदिन आती हैl
यदि जांच में सरकारी धनराशि का नियमविरुद्ध भुगतान, फर्जी या संदिग्ध बिल-वाउचर अथवा निजी खाते में अनुचित भुगतान की पुष्टि होती है तो केवल धनराशि की वसूली तक मामला सीमित न रखा जाए। भुगतान की स्वीकृति देने वाले अधिकारी, अभिलेख तैयार करने वाले कर्मचारी और प्रक्रिया में शामिल अन्य जिम्मेदार लोगों की भूमिका तय कर उनके खिलाफ नियमानुसार विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जाए।
साथ ही दोषी पाए जाने वाले लोगों से सरकारी धन की जिम्मेदारी तय कर वसूली, आवश्यक होने पर प्राथमिकी और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। इससे यह स्पष्ट संदेश जाएगा कि पंचायत निधि के इस्तेमाल में किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस की उच्चं अधिकारियो द्वारा जाँच कराये जाने पर ही वास्तविकता सामने आयेगी जनता जाँच के परिणाम की इन्तजारी कर रही है
निविदा भुगतान की ग्राम पंचायतवार जांच हो, जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
विकास खण्ड बढनी की ग्राम पंचायत में निविदा भुगतान मामले में अब ग्राम पंचायतवार विशेष वित्तीय जांच की मांग जोर पकड़ रही है।
परमात्मा प्रसाद उपाध्याय
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