शोहरतगढ़/सिद्धार्थनगर। शोहरतगढ़ थाने में पुलिस पर मारपीट करने और ₹20 हजार मांगने के आरोपों वाला सोशल मीडिया वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामले की जांच की है। करीब दो मिनट 41 सेकंड के वीडियो में कुछ लोग पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए दिखाई दे रहे हैं। पुलिस जांच के अनुसार, वर्तमान अभिलेखीय परीक्षण में मारपीट अथवा ₹20 हजार की अवैध मांग के आरोपों के समर्थन में कोई स्वतंत्र पुष्टिकारक साक्ष्य नहीं मिला है।पुलिस के मुताबिक वीडियो में आरोप लगाने वाले व्यक्ति के पुत्र अरमान जावेद के विरुद्ध शोहरतगढ़ थाने में मुकदमा अपराध संख्या 176/2026 दर्ज है। इसमें बीएनएस की धारा 75(1), 79, 351(2) तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 7/8 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। शिकायत में एक किशोरी के साथ कथित अभद्र व्यवहार/छेड़छाड़ और सोशल मीडिया के माध्यम से बदनाम करने की धमकी के आरोप लगाए गए थे।पुलिस ने बताया कि अरमान जावेद को 26 अगस्त को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।जांच रिपोर्ट में अभियुक्त के विरुद्ध पूर्व में दर्ज दो अन्य मुकदमों तथा उसके कुछ निकट परिजनों के पुराने आपराधिक मामलों का भी उल्लेख किया गया है। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान स्तर पर मारपीट और धन मांगने के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।पुलिस ने वीडियो प्रसारित किए जाने की परिस्थितियों के आधार पर यह संभावना जताई है कि वैधानिक कार्रवाई को गलत रूप में प्रस्तुत कर जनमत प्रभावित करने का प्रयास किया गया हो। फिलहाल यह पुलिस की जांच में व्यक्त संभावना है, जिसका स्वतंत्र प्रमाण सामने आना बाकी है।